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बुधवार, 27 मई 2020

सौरउर्जा नलजल योजना एक वर्ष से बिमार, तीन हैंडपम्प 250 परिवार

सीएम हेल्पलाइन शिकायत के बाद भी कोई नहीं ले सुध, अब पानी के लिए परेशान ग्रामीण

अनूपपुर नौतपा की 45 डिग्री की झुलसा देने वाली गर्मी के बीच कई ग्राम पीन के पानी की समस्याओं से जूझ रहे है। जहां एक या दो हैंडपम्पो से पूरा गांव पानी ले रहा है बाकी के हैंडपम्प बिगड़े है। जनपद पंचायत अनूपपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत कदमटोला का पाठटोला (मोहल्ला) पानी की समस्या से जूझ रहा है। यह समस्या पिछले एक साल से बनी हुई है। पंचायत के सबसे अधिक आबादी वाले बैगा प्रजाति, आदिवासी और नामदेव समाज के 250 परिवारों की बसाहट वाला पाठटोला तीन हैंडपम्प के सहारे अपनी पेयजल समस्याओं की पूर्ति कर रहे है। यहां पीएचई विभाग द्वारा पांच हैंडपम्प के लिए बोर कराए गए हैं। लेकिन इनमें एक ध्वस्त हो गया है, दूसरा खराब है। अधिक धनत्व और पानी की समस्या को लेकर विभाग द्वारा पाठटोला बस्ती के पास सौरउर्जा से संचालित नलजल योजना स्थापित की गई थी। लेकिन सौरउर्जा नलजल योजना पिछले एक साल से खराब पड़ा है। पीएचई द्वारा सालभर से अधिक समय से इसका मेंटनेंस नहीं कराया गया है। विभाग का कहना है कि सौरउर्जा योजना का बजट के माध्यम से मेंटनेंस कराया जाता है, जो अबतक नहीं आया है। ग्रामीण ग्रामीण कोदू लाल का कहना है कि पूर्व में नल जल योजना में आई खराबी को लेकर सीएम हेल्पलाइन में शिकायत दर्ज कराई गई थी। इसके बाद भी लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के द्वारा इसकी मरम्मत नही कराई जा रही हैं। जिसके कारण आमजनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों की इस बस्ती में महिलाओ व बच्चों को सुबह होते ही पानी के लिए मशक्कत करना आरम्भ हो जाता है। एक तरफ तो महामारी से बचने के लिए शासन ने लोगो को सोशल डिस्टेंसिंग के पालन के लिए बताया जा रहा है, वही दूसरी तरफ ना चाहते हुए भी पानी के लिए लोगों की भीड़ हैंडपम्पों पर इक्_ी लग जाती है। यहां रोजाना एक हैंडपम्प पर 50-70 परिवार पानी भरने आते हैं। सुबह और शाम लोगों को कई घंटे तक लम्बी इंतजार के बाद पानी मिल पाता है। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत कदमटोला में 14 वार्ड हैं, जिनमें पाठटोला वार्डक्रमांक 6 अंतर्गत आता है। इसमें बैगानटोला और पाठटोला शामिल हैं।

गर्मी में हार जाते हैंडपम्प

ग्रामीण बताते है कि गांव में पांच हैंडपम्प हैं, इनमें दो खराब है शेष तीन से पानी भरने का काम किया जाता है। इस वर्ष बारिश अच्छी होने के कारण जलस्तर भी उपर बना हुआ, जिसके कारण हैंडपम्प संचालित हैं, अन्यथा भीषण गर्मी के दौर में एकाध हैंडपम्प छोड़कर शेष सूख जाते है, तब पानी के लिए लोगों को दूर वार्ड के हैंडपम्प से पानी भरना पड़ता है।

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